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साहिबजादों की शाहदत को बाल दिवस के रूप में मनाने के लिए दिल्ली भाजपा अध्यक्ष मनोज तिवारी ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी को पत्र लिखा

नई दिल्ली, 26 दिसंबर। भारतीय जनता पार्टी दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष श्री मनोज तिवारी ने आज प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी को पत्र लिखकर साहिब श्री गुरु गोविंद सिंह जी के छोटे साहिबजादों की शाहदत के दिन को बाल दिवस के रूप में मनाया जाने के लिए पत्र लिखा।

दिल्ली भाजपा अध्यक्ष श्री मनोज तिवारी ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी को पत्र लिखकर कहा कि 14 नवंबर, को पं. जवाहर लाल नेहरू का जन्मदिन देश में बाल दिवस के रूप में मनाया जाता है, यह परंपरा 1956 से ही चली आ रही है। इसके पीछे ये अवधारणा रही है कि पं. जवाहर लाल नेहरू को बच्चे बहुत प्रिय थे। लेकिन हमारे देश में बच्चों ने भी अनेक बलिदान दिए हैं और उनमें से सर्वोत्कृष्ट बलिदान सिखों के दशम गुरु साहिब श्री गुरूगोविंद सिंह जी के छोटे साहिबजादों, साहिबजादा जोराबर सिंह जी और साहिबजादा फतेह सिंह जी की है जिन्होंने सरहिंद, पंजाब में 1705 ई. को पौष माह में कड़कती सर्दी में फतेहगढ़ साहिब के ठंडे बुर्ज पर अदम्य साहस का परिचय देते हुए धर्म की रक्षा के लिए अपनी शहादत दी थी। मेरे विचार में इन बहादुर बच्चों की शाहदत की याद में उनके बलिदान दिवस को यदि बाल दिवस के रूप में मनाया जाए तो यह देश के सारे बच्चों के लिए प्रेरणा के स्त्रोत के रूप में काम करेगा। बच्चों में इस बात के गौरव की भावना भी जागेगी और उनकी हिम्मत बढ़ेगी। वीरता, साहस, त्याग एवं बलिदान के प्रतिक साहिबजादें बाल दिवस के सच्चे अधिकारी है।

श्री तिवारी ने पत्र में लिखा कि ऐसे वीर बच्चों की शाहदत को नमन करना हम सभी का कर्तव्य है। धर्म ध्वज की रक्षा करना और मातृ भूमि के लिए कोटि कोटि नमन करते हुये अपने प्राणों को न्यौछावर कर देना साहिबजादों की ऐतिहासिक वीर गाथा को दर्शाता है और बच्चों में देशभक्ति की नई प्रेरणा का संचार करता है। कांग्रेस ने हमेशा से ही वीरों के इतिहास को दबाने की कोशिश की है जिसके लिए इतिहास उन्हें कभी माफ नहीं करेगा। देश के बच्चों के उज्जवल भविष्य के लिए उन्हें प्रेरणादायक शहीदों के बलिदान से अवगत कराकर उनमें देशभक्ति की भावना का संचार करने के लक्ष्य से हमें बाल दिवस साहिबजादों की शहादत के लिए मनाना चाहिए।

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